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विश्लेषण :रांची RSS दफ्तर पर ISI का पेट्रोल बम हमला: दुबई के Botim ऐप से जुड़ी पाकिस्तानी साजिश का खुलासा!

झारखंड की राजधानी रांची में 16 जून की आधी रात को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के कार्यालय पर हुए पेट्रोल बम हमले ने पूरे देश को चौंका दिया है। इस घटना के तार सीधे पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI, दुबई और आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान (TTH) से जुड़े पाए गए हैं। सुरक्षा एजेंसियों की जांच में चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं, जो भारत की आंतरिक सुरक्षा के लिए बड़ी चुनौती बन गए हैं।

घटना की जानकारी के अनुसार, रांची के निवारणपुर (चुटिया थाना) स्थित RSS दफ्तर में करीब 20 लोग मौजूद थे। दो युवक पैदल पहुंचे, जिनके पास पेट्रोल भरी बोतलें थीं। एक ने लाइटर से आग लगाकर बम फेंका। एक बम गेट के बाहर और दूसरा छत पर गिरा। बम से कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन नुकसान की आशंका बहुत बड़ी थी। हमलावरों ने वारदात का लाइव वीडियो रिकॉर्ड कर दुबई स्थित हैंडलर को Botim ऐप के जरिए भेज दिया, ताकि 'टास्क पूरा' होने का सबूत मिल सके।

पुलिस ने मुख्य आरोपी सैफ अली अंसारी उर्फ रोहित, अमन अंसारी और सायम सुजान सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के दौरान सैफ ने पुलिस पर हमला किया, जिस पर गोली चलाई गई। आरोपी ट्रेन से दिल्ली भागने की कोशिश कर रहे थे।

मुख्य आरोपी सैफ और अमन पहले दुबई में नौकरी की तलाश में गए थे। वहां उन्होंने Botim ऐप डाउनलोड किया, जो UAE में लोकप्रिय है क्योंकि WhatsApp कॉल्स प्रतिबंधित हैं। इसी ऐप के जरिए पाकिस्तानी नागरिक शाहबाज राणा उर्फ भट्टी (ISI हैंडलर) से संपर्क हुआ। आर्थिक लालच और ब्रेनवॉश के जरिए उन्हें TTH आतंकी संगठन के लिए काम पर लगाया गया। Botim के जरिए निर्देश, रेकी, पेट्रोल बम बनाने के वीडियो ट्यूटोरियल और हमले का वीडियो शेयर किया गया।

Botim एक सुपर ऐप है, जिसमें वॉयस-वीडियो कॉल, पेमेंट ट्रांसफर की सुविधा है। इसके एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन के कारण ट्रैकिंग मुश्किल है। जांच एजेंसियां अब फंडिंग और अन्य मॉड्यूल की तलाश में हैं।

पुलिस ने UAPA, विस्फोटक अधिनियम सहित गंभीर धाराएं लगाई हैं। NIA को केस सौंपे जाने की संभावना है। यह घटना पाकिस्तान की 'सस्ते में आतंक' की नीति को उजागर करती है, जहां विदेशी ऐप्स और स्थानीय युवाओं का इस्तेमाल कर साजिश रची जाती है। राष्ट्रवादी संगठनों पर हमले बढ़ रहे हैं। सरकार और सुरक्षा एजेंसियों को सख्ती बरतनी होगी।