ट्रेन घंटों लेट आ सकती है, लेकिन प्लेटफॉर्म टिकट का फाइन बिल्कुल टाइम पर कट जाएगा! महाराष्ट्र के कल्याण जंक्शन की घटना रेलवे की नंगी बेशर्मी। पैसेंजर को छोड़ने आए शख्स ने प्लेटफॉर्म टिकट लिया, जिसकी वैधता सिर्फ 2 घंटे है। ट्रेन 5 घंटे लेट हो गई, मजबूरन व्यक्ति प्लेटफॉर्म पर रुका – और TTE ने आकर ₹500 का फाइन ठोक दिया!
क्या मजाक है यह? रेलवे की लापरवाही से ट्रेन लेट होती है, यात्री और उनके परिजन परेशान होते हैं, समय बर्बाद होता है, लेकिन नियम सिर्फ आम आदमी पर सख्त! प्लेटफॉर्म टिकट एक्सपायर हो गया ट्रेन की देरी के कारण, फिर भी फाइन? यह सरासर लूट और अन्याय है। रेलवे वाले खुद तो देरी का कोई मुआवजा नहीं देते, उल्टा यात्री को सजा!
देशभर में ट्रेनों की यह लेट लताड़ी रोजमर्रा का तमाशा बन चुकी है। यात्री सुविधा का नामोनिशान नहीं, बस जुर्माना वसूली का धंधा! रेलवे प्रशासन सो रहा है या जानबूझकर आम आदमी को लूट रहा है?

