प्रधानमंत्री के भाषण के महत्वपूर्ण पहलुओं को समझे आसान भाषा में

PM के भाषण की प्रमुख झलकियां :
प्रधानमंत्री जी ने कहा, "संकट का सामना करते हुए, नए संकल्प के साथ मैं आज एक विशेष आर्थिक पैकेज की घोषणा कर रहा हूं.  ये आर्थिक पैकेज, 'आत्मनिर्भर भारत अभियान' की अहम कड़ी के तौर पर काम करेगा. हाल में सरकार ने कोरोना संकट से जुड़ी जो आर्थिक घोषणाएं की थीं, जो रिजर्व बैंक के फैसले थे और आज जिस आर्थिक पैकेज का ऐलान हो रहा है, उसे जोड़ दें तो ये करीब-करीब 20 लाख करोड़ रुपये का है"



पैकेज भारत की GDP का करीब-करीब 10 प्रतिशत :-
मोदी जी ने कहा, " पैकेज भारत की GDP का करीब-करीब 10 प्रतिशत है. इन सबके जरिए देश के विभिन्न वर्गों को, आर्थिक व्यवस्था की कड़ियों को, 20 लाख करोड़ रुपए का सपोर्ट मिलेगा. 20 लाख करोड़ रुपए का ये पैकेज, 2020 में देश की विकास यात्रा को, आत्मनिर्भर भारत अभियान को एक नई गति देगा. आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को सिद्ध करने के लिए इस पैकेज में Land, Labour, Liquidity और  Laws, सभी पर बल दिया गया है. ये आर्थिक पैकेज हमारे कुटीर उद्योग, गृह उद्योग, हमारे लघु-मंझोले उद्योग, हमारे MSME के लिए है, जो करोड़ों लोगों की आजीविका का साधन है.ये आर्थिक पैकेज देश के उस श्रमिक के लिए है, देश के उस किसान के लिए है जो हर स्थिति, हर मौसम में देशवासियों के लिए दिन रात परिश्रम कर रहा है. 



थकना और हारना मानव को मंजूर नहीं :-
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘’लेकिन थकना, हारना, टूटना-बिखरना, मानव को मंजूर नहीं है. सतर्क रहते हुए, ऐसी जंग के सभी नियमों का पालन करते हुए, अब हमें बचना भी है और आगे भी बढ़ना है.’’पीएम मोदी ने कहा, ‘’21वीं सदी भारत की हो ये हमारा सपना नहीं, ये हम सभी की जिम्मेदारी है. विश्व की आज की स्थिति हमें सिखाती है कि इसका मार्ग एक ही है आत्मनिर्भर भारत. एक राष्ट्र के रूप में आज हम एक बहुत ही अहम मोड़ पर खड़े हैं. इतनी बड़ी आपदा भारत के लिए एक संकेत लेकर आई है, एक संदेश लेकर आई है, एक अवसर लेकर आई है. जब कोरोना संकट शुरु हुआ तब भारत में एक भी पीपीई (PPE) किट नहीं बनती थी. एन-95 मास्क का भारत में नाममात्र उत्पादन होता था. आज स्थिति ये है कि भारत में ही हर रोज  2 लाख PPE और 2 लाख एन-95 मास्क बनाए जा रहे हैं.’’इसके साथ ही उन्होंन कहा कि विश्व के सामने भारत का मूलभूत चिंतन आशा की किरण नजर आता है. भारत की संस्कृति, भारत के संस्कार, उस आत्मनिर्भरता की बात करते हैं जिसकी आत्मा वसुधैव कुटुंबकम है.पीएम मोदी का कोरोना काल में ये देश के नाम पांचवा संबोधन था. इससे पहले पीएम मोदी ने 19 मार्च, 24 मार्च, 3 अप्रैल और 14 अप्रैल को देश को संबोधित किया था. वहीं कल सोमवार को पीएम मोदी ने कोरोना वायरस को लेकर सभी राज्यों के सीएम के साथ पांचवी बार बैठक की थी. ये बैठक करीब सवा छह घंटे तक चली थी. इसमें सभी राज्यों को मुख्यमंत्रियों ने अपनी-अपनी बात रखी और सुझाव दिए थे. पीएम मोदी ने 15 मई तक सभी राज्यों के सीएम से ब्लूप्रिंट मांगा था.


ऐसी तमाम खबर पढ़ने और वीडियो के माध्यम से देखने के लिए हमारे एप्प को अभी इनस्टॉल करे और हमारे यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करे:-
  





आपकी इस समाचार पर क्या राय है,  हमें निचे टिपण्णी के जरिये जरूर बताये और इस खबर को शेयर जरूर करे। 


Reactions